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April 17, 2026
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मध्यप्रदेश

इंदौर के मल्हार आश्रम में 12 बच्चों की बिगड़ी तबीयत, 1 की मौत

इंदौर: इंदौर के मल्हार आश्रम में अचानक एक साथ कई बच्चों की तबीयत बिगड़ गई जिन्हें आनन फानन में अस्पताल में भर्ती कराया गया। 12 बच्चों में से 1 की मौत हो गई। बच्चों की मौत के बाद प्रदेश भर में हड़कंम मच गया। जानकारी लगते ही कलेक्टर आशीष सिंह मल्हार आश्रम पहुंचे हैं।

आश्रम का निरीक्षण करने के बाद कलेक्टर ने बताया कि 12 बच्चे अस्पताल में भर्ती कराये गए हैं जिनमें से एक बच्चे की अस्पताल देर रात मौत हो गई। डॉक्टरों के अनुसार शुरुआती जांच में फ़ूड पाइजनिंग का मामला लग रहा है। टीम जांचने में लगी हुई है सबसे पहले अभी बच्चों का इलाज जरूरी है। सभी बच्चों में से एक बच्चा अभी गंभीर है। आश्रम में लगभग 200 के आसपास बच्चे हैं और पूरे मध्य प्रदेश से बच्चे आते हैं।

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भोपाल: सड़क पर नमाज पढ़ने और लाउडस्पीकर पर कार्रवाई को लेकर मध्य प्रदेश सरकार एक बार फिर एक्शन मोड में है। इस पर कांग्रेस विधायक आरिफ मसूद ने सवाल उठाए हैं। कांग्रेस विधायक ने कहा कि सरकार व्यक्ति विशेष को परेशान कर रही है, यह अच्छी बात नहीं है। उन्होंने कहा कि मुख्यमंत्री को  सड़क पर नमाज दिख रही लेकिन बाकी चीज नहीं दिख रही है।  कांग्रेस विधायक ने कहा कि मस्जिद पर लगे लाउडस्पीकर उतारे जा रहे हैं, लेकिन शहर में डीजे बज रहे हैं उन्हें लेकर कोई कार्रवाई नहीं हो रही है। जबकि जहां एक लाउडस्पीकर है उसे भी हटाया जा रहा है। मसूद ने कहा कि सरकार सदन में कह चुकी है कि लाउडस्पीकर पर बैन नहीं लगा है, तेज बजाने को लेकर कार्रवाई की जाएगी। लाउडस्पीकर बजाने को लेकर सुप्रीम कोर्ट के आदेश को सब मानने को तैयार है। लेकिन नियम के तहत कार्रवाई नहीं हो रही है। इसके लिए सरकार को आदेश निकालना चाहिए। सीएम मोहन को सड़क पर पढ़ी जा रही नमाज दो दिख रही है लेकिन बाकी चीजें नहीं। सरकार के ये आदेश संविधान और सुप्रीम कोर्ट के आदेशों का उल्लंघन है। कांग्रेस विधायक आरिफ मसूद ने कल मुख्यमंत्री को पत्र भी लिखा था। जिसमें उन्होंने पुलिस की कार्रवाई पर सवाल उठाए हैं। उन्होंने कहा कि पुलिस लगातार गृह विभाग द्वारा जारी आदेश दिनांक 13/12/2023 का हवाला देकर लाउडस्पीकर पर पूर्ण प्रतिबंध है। इस तरह का भ्रम फैलाया जा रहा है। अतः मेरा आपसे अनुरोध है कि माननीय सर्वोच्च न्यायालय द्वारा न्याय दृष्टांत रिट पिटीशन क्रमांक 72/98 In Re Noise Pollution में पारित दिनांक 18/07/2005 में ध्वनि विस्तारक यंत्रों (लाउड स्पीकर/डी.जे./सम्बोधन प्रणाली) को नियंत्रण करने के लिए आदेश का पालन करने हेतु सभी जिलों के पुलिस अधीक्षकों को निर्देशित करें ताकि किसी भी तरह की भ्रम की स्थिति उत्पन्न ना हो।

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