कभी गठबंधन सरकार में बड़े मध्यस्थ होते थे कमल नाथ, इस बार हाशिए पर
भोपाल। देश में कांग्रेस की अगुवाई वाले यूपीए (संयुक्त प्रगतिशील गठबंधन) की गठबंधन सरकार की जब भी बात आई तो दिग्गज नेता कमल नाथ की भूमिका बड़े मध्यस्थ की रहती थी। गांधी परिवार का करीबी होने के कारण कांग्रेस कमल नाथ को आगे करती और गठबंधन के दल भी उन पर भरोसा करते। इस बार कांग्रेस की अगुवाई वाला आइएनडीआइ गठबंधन बहुमत से 40 सीटों की दूरी पर है। कांग्रेस के कई नेता इस बार बहुमत पाने वाले राजग (एनडीए) के अन्य दलों को अपने पाले में लाकर सरकार बनाने की आस लगाए हुए हैं लेकिन इस परिदृश्य में कमल नाथ […]...

